भाषा

भिन्नता में हम है जिते  जैसे रंग कई  गुलाल के फिर भी दिल को जोड़े रखे यह हिंदुस्तानी भाषा हमारी, … अधिक

रात

चमकती चाँदनी में बिखरे झिलमिलाती रोशनी टिमटिमाते तारों में जैसे  कोइ हसीन पिगलता आसमान कहने लगा यूँ ना जाने कौन … अधिक